वास्तु


प्रश्न- भवन में पूजा घर उत्तर-पूर्व में ही रखना क्यों अधिक लाभप्रद है ? उत्तर -पूजा घर हमेषा उत्तर-पूर्व दिषा अर्थात् ईषान कोण में ही बनाना चाहिए क्योंकि उत्तर-पूर्व में परमपिता परमेष्वर अर्थात ईष्वर का वास होता है। कहा जाता है कि... more

वास्तुभविष्यवाणी तकनीकवास्तु परामर्शवास्तु के सुझाव

किसी भी भवन का उपयोग करने के लिए उसमें द्वार रखना आवश्यक होता हैं। वास्तुनुकूल स्थान पर लगा द्वार उस भवन में रहने वालों के जीवन में सुख समृद्धि एवं सरलता लाता हैं। और इसके विपरीत गलत स्थान पर लगा द्वार जीवन में विभिन्न प्रकार की स... more

वास्तुगृह वास्तुव्यवसायिक सुधार

- घर के मुख्य द्वार पर अंदर और बाहर की ओर गणेश जी की दो प्रतिमाएं इस तरह लगाएं कि उनकी पीठ एक दूसरे से जुड़ी रहे। सभी प्रकार से कल्याण होगा।... more

उपायवास्तुवास्तु परामर्शवास्तु पुरुष एवं दिशाएंवास्तु के सुझाव

प्रस्तुत लेख में वास्तु की कुछ उपयोगी टिप्स का वर्णन है जिनको अगर ध्यान में रखा जाए तो बिन, बाधाएं, हमें छू भी न सकेंगी, घर की बगिया हमेषा महकती रहेगी एवं घर का प्रत्येक सदस्य प्रगति करता रहेगा।... more

वास्तुभवनगृह वास्तुवास्तु पुरुष एवं दिशाएंवास्तु के सुझाव

घर में पूजा करने वाला एक ही मूर्ति की पूजा नहीं करें। अनेक देवी-देवताओं की पूजा करें। घर में दो शिवलिंग की पूजा ना करें तथा पूजा स्थान पर तीन गणेश नहीं रखें।... more

देवी और देववास्तुविविधवास्तु के सुझाव

प्रक्रति की विभिन्न कृतियों में पौधों का स्थान सर्वोपरि है। सही अर्थ में तो ये देवता हैं, जो हमें सिर्फ देते है है, हमसे लेते कुछ नहीं, आज प्रत्येक व्यक्ति जानता है की पौधे हमारे दैनिक जीवन में कितना महत्व रखते है। फिर भी अनेक पौध... more

वास्तुवास्तु परामर्शवास्तु दोष निवारणवास्तु के सुझाव

अधिकांशतः हमारे रहने के स्थान पर वास्तु दोष होने पर उसको पुनर्निमाण द्वारा ठीक करना असंभव होता है। प्रस्तुत है ऐसे कुछ सरल उपाय जिन्हें उपयोग में लाकर सकारात्मक परिणाम प्राप्त किये जा सकते हैं।... more

वास्तुवास्तु परामर्शवास्तु दोष निवारणवास्तु के सुझाव

उपाय और टोटकों की शक्ति कों शब्दों में बांधना सम्भव नहीं है. टोटके तभी पूर्ण फल देते है, जब साधक श्रद्धा, विश्वास, नियम, निष्ठा से किये जाते है. वास्तु शास्त्र के उपायों से शैक्षिक जीवन की बाधाओं कों दूर कर, उच्च शिक्षा के नवीन मा... more

वास्तुवास्तु परामर्शवास्तु दोष निवारणवास्तु पुरुष एवं दिशाएंवास्तु के सुझाव

नए घर में प्रवेश से पूर्व वास्तु शांति अर्थात यज्ञादि धार्मिक कार्य अवश्य करवाने चाहिए। वास्तु शांति कराने से भवन की नकारात्मक ऊर्जा समाप्त हो जाती है तभी घर शुभ प्रभाव देता है जिससे जीवन में खुशी व सुख-समृद्धि आती है। वास्तु शास्... more

स्वास्थ्यउपायवास्तुसुखगृह वास्तुव्यवसायिक सुधारसंपत्ति

Popular Subjects

बाल-बच्चे चाइनीज ज्योतिष दशा वर्ग कुंडलियाँ डऊसिंग सपने शिक्षा वशीकरण शत्रु यश पर्व/व्रत फेंगशुई एवं वास्तु टैरो रत्न सुख गृह वास्तु प्रश्न कुंडली कुंडली व्याख्या कुंडली मिलान घर जैमिनी ज्योतिष कृष्णामूर्ति ज्योतिष लाल किताब भूमि चयन कानूनी समस्याएं मंत्र विवाह आकाशीय गणित चिकित्सा ज्योतिष विविध ग्रह पर्वत व रेखाएं मुहूर्त मेदनीय ज्योतिष नक्षत्र व्यवसायिक सुधार शकुन पंच पक्षी पंचांग मुखाकृति विज्ञान ग्रह प्राणिक हीलिंग भविष्यवाणी तकनीक हस्तरेखा सिद्धान्त व्यवसाय राहु आराधना रमल शास्त्र रेकी रूद्राक्ष हस्ताक्षर विश्लेषण सफलता मन्दिर एवं तीर्थ स्थल टोटके गोचर यात्रा वास्तु परामर्श वास्तु दोष निवारण वास्तु पुरुष एवं दिशाएं वास्तु के सुझाव स्वर सुधार/हकलाना संपत्ति यंत्र राशि
More Tags (+)