2017 में भारत की राजनीति, अर्थव्यवस्था और शेयर बाजार

2017 में भारत की राजनीति, अर्थव्यवस्था और शेयर बाजार  

किसी भी देश की अर्थव्यवस्था उसकी राजनैतिक स्थिरता पर निर्भर करती है, आज भारतवर्ष में पूर्ण बहुमत वाली, सशक्त नेतृत्व और अनुशासित राजनैतिक दल की सरकार है जिसके फलस्वरूप आज भारत वर्ष के लगभग विश्व के सभी देशांे के साथ मैत्रीपूर्ण रिश्ते हैं जिसका परिणाम है कि संपूर्ण विश्व के साथ हमारे व्यापारिक सम्बंधांे में भी तीव्र वृद्धि हुई है। सभी विकसित देश हमारे देश में निवेश करना चाहते हैं और सरकार भी उद्योगों की स्थापना को सरल बनाने के साथ लालफीताशाही से मुक्त सिंगल विंडो सेवा की ओर अग्रसर हो रही है। सोने पर सुहागा 500 और 1000 रूपये के नोटों को बन्द करके विमुद्रीकरण करके प्रधानमंत्री जी ने देश की अर्थव्यवस्था से काले धन रूपी दीमक को जड़ से मिटाने की दिशा में एक शक्तिशाली प्रयास किया है जिसके परिणामस्वरूप, नकली नोटों की समस्या और उसका दुरूपयोग दोनों समाप्त हो जायेंगे। देश का पैसा बैंकांे में जमा हो जायेगा और उद्योगों एवं सेवाओं पर निवेश में अप्रत्याशित वृद्धि होगी और हमारा देश एक अमीर देश हो जायेगा, रोजगार के अवसर उपलब्ध होंगे, स्वास्थ्य सुविधाआंे और नवीन तकनीक का प्रसार दूर-दूर गांवों में जन-जन तक होगा। ‘आज संपूर्ण विश्व ने इस सत्य को स्वीकार कर लिया है कि हम भारत वर्ष अपने सभी आर्थिक, राजनैतिक, सामाजिक और कूटनीतिक निर्णय लेने में पूर्णतः सक्षम हैं। यहां ज्योतिष के आधार पर हम यह जानने का प्रयास करेंगे कि नव वर्ष में हमारे देश की राजनैतिक, अर्थव्यवस्था और शेयर बाजार की प्रगति की रूप-रेखा कैसी रहेगी। वर्ष 2017 में भारत वर्ष की कुंडली में नवग्रहों का गोचर में संचार हमारे देश की राजनैतिक, अर्थव्यवस्था और शेयर बाजार को किस प्रकार प्रभावित करेगा और आप को लाभ कमाने में कैसे मदद कर सकता है उसका ज्योतिषीय पूर्वानुमान प्रस्तुत किया जा रहा है। वर्ष 2017 में व्यापार का शुभारंभ 02 जनवरी को सोमवार के दिन होगा। आरंभ के समय सूर्य बुध के साथ धनु राशि में होंगे, चन्द्रमा, मंगल, शुक्र, केतु के साथ कुंभ में, गुरु कन्या में, शनि वृश्चिक में और राहु सिंह राशि में होंगे, शनि 26 जनवरी सायं 17ः30 पर वृश्चिक से धनु राशि मंे प्रवेश करेंगे और 6 अपै्रल को वक्री होकर 21 जून को पुनः वृश्चिक राशि में प्रवेश करेंगे। तदुपरांत 25 अगस्त को मार्गी होकर 26 अक्तूबर को पुनः धनु राशि में प्रवेश करेंगे। गुरु 12 सितंबर को प्रातः 06ः51 पर तुला राशि में प्रवेश करेंगे और वर्षान्त तक तुला राशि में ही विराजमान रहेंगे। राहु और केतु 9 सितंबर प्रातः 4ः00 बजे क्रमशः कर्क एवं मकर राशि में प्रवेश करेंगे और वर्षांत तक विद्यमान रहेंगे। मंगल कुम्भ राशि से यात्रा प्रारंभ करके वर्षांत में तुला राशि में विद्यमान रहेंगे। शुक्र कुम्भ राशि से यात्रा प्रारंभ करके वर्षांत में वृश्चिक राशि में विद्यमान रहेंगे। सूर्य एवं बुध सभी 12 राशियों में भ्रमण करेंगे। चंद्रमा हर माह सभी राशियों से होकर गुजरेगा। भारत वर्ष की चन्द्र कुंडली में गुरु पूर्वार्द्ध के पश्चात् तक तृतीय भाव में बुध की राशि में रहेंगे ,और उसके पश्चात् चतुर्थ भाव में गोचर करेंगे, शनि पूर्ण वर्ष पंचम-षष्ठम भाव में गोचर करेगा जिसके प्रभावस्वरूप पूर्वार्द्ध में सोने की कीमतों में अप्रत्याशित गिरावट देखने को मिलेगी। डॉलर और पाँड्स के मुकाबले रुपये के मूल्य में अत्यधिक सुधार की आशा रहेगी, रुपया की स्वीकारोक्ति डॉलर के समान होने की आशा रहेगी। अमेरिका के साथ रिश्तों में बीच-बीच में कड़वाहट आने से व्यापार में कमी आएगी और रुपया कमजोर हो सकता है लेकिन यूरोप और दक्षिण अफ्रीका और एशियाई देशांे के साथ व्यापार में भारत वर्ष का दबदबा बढे़गा और अंततः रुपया मजबूत होकर उभरेगा। वर्तमान में काले धन के खुलासे होंगे लेकिन विदेशों में जमा काले धन की वापसी प्रक्रिया शिथिल हो जाएगी। देश के अंदर विद्यमान काले धन का खूब खुलासा हुआ। यहाँ हम उसे भी काला धन मान कर चलते हंै जो गृहिणियों की निजी बचत थी परन्तु घर में अनुत्पादक थी। अब बैंकों में आने से उत्पादक हो जाएगी क्योंकि लक्ष्मी सदैव गतिशील ही शुभ होती है। विदेशों से काले धन की वापसी जो गत वर्ष शिथिल हो गई थी इस वर्ष पूर्ण प्रगति के साथ सफल परिणाम लेकर अर्थव्यवस्था को मजबूत करेगी। न्यायपालिका और विधान पालिका में मतभेद देखने को मिलेंगे, पुराने अर्थहीन कानूनों को समाप्त किया जायेगा, व्यापार के नियम कानूनों में सरलता और पारदर्शिता आएगी, रिश्वतखोरी में कमी आएगी। केंद्र सरकार में पूर्णतः स्थिरता बनी रहेगी, पंजाब और उत्तर प्रदेश के चुनावांे में भारतीय जनता पार्टी को सफलता मिलेगी। खाने-पीने की वस्तुओं में मिलावट और नकली खाद्य पदार्थों के निर्माण के विरुद्ध कड़े नियम और कानून लागू होंगे। रियल और इन्फ्रा सेक्टर में वर्ष भर गिरावट का दौर रहेगा, भूमि, मकानों की कीमतों के साथ-साथ किराये में भी कमी आएगी। फिल्म और मनोरंजन उद्योग को भी भारी मंदी का सामना करना पड़ेगा, ऐश्वर्य और विलासिता उद्योग, स्पा, ब्यूटी पार्लर, कैसिनो, क्लब इत्यादि भी मायूस नजर आएंगे। ेलीकाॅम, आई. टी. और एफ. एमसी. जी. उद्योग में किसी विशेष तेजी अथवा मंदी की आशा नहीं रहेगी। शराब, सिगरेट, होटल और रिसाॅर्ट उद्योग में भी मंदी का दौर रहेगा। मोटर वाहन, मेडिसीन, हाॅस्पिटल एवं शिक्षा के क्षेत्र में निवेश से निश्चित लाभ प्राप्ति की आशा रहेगी। लोहा., कॉपर, अल्युमिनियम, निकेल और जिंक एवं चांदी में तेजी का रुख बना रहेगा, सोने की चमक में कमी आएगी। सरकारी बैंकों और वित्तीय संस्थाआंे में एन. पी. ए. में कमी आएगी, ब्याज दरों में तीव्र गिरावट आएगी। सीमेंट, शिपिंग और रेलवे से जुड़े उद्योगों में प्रगति की झलक साफ दिखाई देगी, पावर और खनन उद्योग में भी विकास के नवीन आयाम बनेंगे। इलेक्ट्रिकल एवं इलेक्ट्राॅनिक्स में भी लाभ कमाने के उपयुक्त अवसर मिलेंगे। आयात की तुलना में निर्यात में वृद्धि होगी। राष्ट्रीय उत्पाद और प्रत्यक्ष करों की वसूली में अप्रत्याशित वृद्धि होगी, महंगाई में कमी आएगी। भारत वर्ष की गिनती विकासशील से विकसित देशों में होने के रास्ते साफ होंगे। प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष विदेशी निवेश में अत्यधिक वृद्धि की सम्भावना रहेगी जिससे शेयर बाजार में पिछले रिकार्ड टूटेंगे और नवीन कीर्तिमान बनेंगे। गत वर्ष के समान ही इस वर्ष भी इंद्रदेव प्रसन्न नजर आयेंगे इसलिए संतुलित वर्षा रहेगी, 2016 की तुलना में प्रकृति का रुख अधिक सकारात्मक नजर आ रहा है, बारिश और मौसम सकारात्मक संकेत दे रहे ैं जिससे कृषि उत्पादों का राष्ट्रीय सकल उत्पाद में महत्वपूर्ण योगदान रहेगा। शेयर बाजार के अपेक्षित मासिक उतार-चढ़ाव जनवरी वर्ष के आरम्भ में बाजार के वर्तमान स्तरों के आस-पास ही खुलने की प्रबल आशा रहेगी लेकिन दूसरे दिन से बाजार में देशी संस्थागत निवेशकों की ओर से खरीदारी को बल मिलेगा और हॉस्पिटल, मेडिसीन, एफ. एम. सी. जी, सीमेंट और स्टील उद्योग में तेजी का रुख नजर आएगा, लेकिन इस तेजी में स्थिरता का अभाव रहेगा। इसलिए ऐसे में बिकवाली करके लाभ कमाना एक उचित निर्णय रहेगा। दूसरे सप्ताह में सिगरेट, शराब और होटल उद्योग में लाभ कमाने के अवसर मिलेंगे, उनका सदुपयोग करना ठीक रहेगा। सीमेंट और इन्फ्रा एवं रियल्टी के शेयर नीचे के मूल्यों पर मिलने की आशा रहेगी, उनमें निवेश से इसी माह लाभ प्राप्ति की आशा रहेगी। माह के उत्तरार्द्ध में मोटर, वाहन, भारी मशीनरी, रेलवे और शिपिंग कम्पनियों के शेयर्स में गिरावट पर निवेश से अगले माह लाभ की पूर्ण आशा रहेगी। ऐश्वर्य, विलासिता, टेक्सटाइल, फैशन और ज्वेलरी में भी प्रत्येक तेजी पर लाभ कमाना एक उचित अवसर रहेगा, क्योंकि इसी माह इनमें तीव्र गिरावट की आशा रहेगी। उस समय इनमंे पुनः निवेश करना ठीक रहेगा। माह के अंतिम सप्ताह में अल्युमिनियम, काॅपर, जिंक, पेट्रोल एवं गैस उद्योग में निवेश कर सकते हैं, यदि पूर्व में लाभ कमाया है तो सोने में भी निवेश कर सकते हंै। माह के अंत में बाजार के सकारात्मक रुख लेकर बंद होने की प्रबल आशा बन रही है। फरवरी फरवरी में व्यापार का आरम्भ 1 तारीख को बुधवार के दिन होगा। ग्रहों के प्रभावस्वरूप बाजार गिरावट के साथ खुलने की प्रबल आशा बन रही है, तिमाही के परिणाम भी उत्साहजनक नही रहेंगे जिससे मन्दी बाजार पर हावी रहेगी। ऐसे में सरकारी बैंकों, बीमा उद्योग एवं वित्तीय संस्थानों के शेयर्स में निवेश एक उचित निर्णय रहेगा। टेलीकॉम और आई. टी में भी नीचे के मूल्यों पर निवेश के अवसर मिलेंगे। उनमंे निवेश से इसी माह लाभ प्राप्ति की आशा रहेगी। दूसरे सप्ताह में सरकार की ओर से शेयर बाजार में निवेश पर टैक्स में रियायत सम्बन्धी खबरों के चलते रिटेल निवेशकों का योगदान बढ़ने से तेजी की आशा रहेगी। ऐसे में रेलवे, भारी मशीन, एविएशन और लॉजिस्टिक्स कंपनियों के शेयर में बिकवाली करना ठीक रहेगा। माह के उत्तरार्द्ध में उर्वरक, खाद, बीज, कृषि, रसायन और फूड प्रोसेसिंग उद्योग की कम्पनियों में बिकवाली करना ठीक रहेगा। डॉलर की तुलना में रुपया मजबूत होने से टेलीकॉम, आई. टी और निर्यातक कंपनियों में मंदी की आशा रहेगी। ऐसे में इनमें निवेश एक उचित निर्णय रहेगा, टूर एंड ट्रैवल्स और होटल उद्योग में तेजी का रुख रहेगा। इनमें लाभ प्राप्ति की आशा रहेगी। ऐसे में इनमें लाभ कमाना ठीक रहेगा। अंतिम सप्ताह में पावर, कोयला, मिनरल और खनन उद्योग में निवेश कर सकते हैं। विदेशी नियंत्रण और नियमों के चलते मेडिसीन और फार्मा में घबराहट से गिरावट की आशा रहेगी। ऐसे में ब्लू चिप मेडिसीन कंपनियों में दीर्घकालीन निवेश एक उचित निर्णय रहेगा। माह के अंत में जिस भी सेक्टर में लाभ मिले बिकवाली करके चलना ठीक रहेगा। अंत में बाजार गिरावट के साथ बंद होने की आशा रहेगी। मार्च मार्च में व्यापार का आरम्भ 1 तारीख को बुधवार के दिन होगा। ग्रहों के प्रभावस्वरूप बाजार तेजी के साथ खुलने की प्रबल आशा रहेगी। ऐसे में टेक्सटाइल, चीनी, चावल, डेयरी और एफ. एम. सी. जी उद्योग में बिकवाली करना ठीक रहेगा। पावर, जल संसाधन, ट्रांसपोर्ट और उससे जुड़े उद्योग में भी आरंभ में लाभ कमाने के अवसर मिलने की पूर्ण संभावना रहेगी उनका सदुपयोग करके चलें। इनमें शीघ्र ही गिरावट पर निवेश के अवसर मिलेंगे। रंग, रसायन और रबड़, प्लास्टिक उद्योगों एवं ग्लास इंडस्ट्री प्रत्येक गिरावट पर निवेश के लिए एक अच्छा सौदा रहेगा। पेट्रोल, तेल एवं गैस उद्योग के शेयर्स में भी प्रत्येक गिरावट पर निवेश कर सकते हंै। माह के मध्य में मोटर वाहन और ऑटो इंडस्ट्रीज शेयर्स में तेजी की आशा रहेगी। ऐसे में इनमें लाभ कमाना ठीक रहेगा। स्टील एवं मेटल उद्योग में भी यदि लाभ मिले तो उनमंे बिकवाली करना एक उचित निर्णय रहेगा। निजी बैंकांे और वित्तीय संस्थानों एवं शेयर ब्रोकरेज कंपनियांे में भी प्रत्येक तेजी पर लाभ कमाना ठीक रहेगा। माह के अंतिम सप्ताह में एशियाई बाजारों में लिक्विडिटी बढ़ने से तेजी की आशा रहेगी जिसका सकारात्मक प्रभाव भारतीय बाजारांे में भी देखने को मिलेगा। उस समय यदि लाभ मिले तो सीमेंट और रियल्टी एवं इन्फ्रास्ट्रक्चर के शेयरों में बिकवाली कर सकते हैं। अंत में बाजार तेजी के साथ बंद होने की प्रबल सम्भावना रहेगी। अप्रैल अप्रैल में व्यापार का आरंभ 3 तारीख को सोमवार के दिन होगा। ग्रहों के प्रभावस्वरूप बाजार सकारात्मक रुख के साथ खुलने की प्रबल सम्भावना रहेगी, कंपनियों के अच्छे वार्षिक परिणामों की आशा, कृषि उत्पादन में अधिकता की संभावना और खाद्य पदार्थों की महंगाई में गिरावट की खबरों से बाजार में सकारात्मक माहौल बने रहने की पूर्ण संभावना रहेगी। एफ. एम. सी. जी एवं कृषि आधारित उद्योगों में अप्रत्याशित तेजी की प्रबल सम्भावना रहेगी इसलिए इनमंे यदि लाभ मिले तो बिकवाली करना ठीक रहेगा। मीडिया, प्रकाशन, शिक्षा और कागज उद्योग में भी लाभ कमाने के अवसर मिलेंगे। उनका सदुपयोग करके चलें। पूर्वार्द्ध तक तेजी के बने रहने की आशा रहेगी, इस तेजी में किसी भी नवीन निवेश से दूर रहना ही ठीक रहेगा लेकिन यदि गत माह लाभ कमाया है तो सीमेंट और रियल्टी एवं इन्फ्रास्ट्रक्चर के शेयरों में नीचे के मूल्यों पर निवेश के अवसर मिल सकते हैं। माह के उत्तरार्द्ध में बाजार में बिकवाली के दबाव से मंदी का वातावरण बनेगा। उस वक्त टेलीकॉम, आई. टी. और ई. काॅमर्स में निवेश से अगले माह लाभ प्राप्ति की आशा रहेगी। होटल रिसाॅर्ट एवं टूर और ट्रैवल उद्योग में भी खरीददारी कर सकते हैं। माह के अंत में बाजार नुकसान के साथ बंद होने की प्रबल आशा रहेगी। मई मई में व्यापार का आरम्भ 2 तारीख को मंगलवार के दिन होगा। ग्रहों के प्रभावस्वरूप बाजार सकारात्मक रूप से खुलने की प्रबल आशा रहेगी। सरकारी कम्पनियों में विनिवेश की खबरों से इनके शेयर्स में तेजी का रुख बनेगा, ऐसे में इनसे लाभ कमाना ठीक रहेगा। डॉलर की कीमतों में तेजी से टेलीकॉम, आई. टी., ईकाॅमर्स, जेम्स एन्ड ज्वेलरी,जूते और लेदर कंपनियों के शेयर्स में तेजी के आसार नजर आते हंै। ऐसे में इनमंे बिकवाली करना ठीक रहेगा। शराब, सिगरेट, मेडिसीन फार्मा एवं हॉस्पिटल उद्योग में भी लाभ प्राप्ति के अवसर मिलेंगे, उनका सदुपयोग करके चलें। पेट्रोल, डीजल एवं गैस और आॅयल मार्केटिंग कंपनियांे के शेयर्स में गिरावट की आशा रहेगी। इनमें प्रत्येक गिरावट पर निवेश कर सकते हैं। इलेक्ट्रिकल और इलेक्ट्राॅनिक्स कंपनियांे के शेयर्स में भी गिरावट देखने को मिलेगी। इनमंे भी निवेश से इसी माह लाभ प्राप्ति की आशा रहेगी। माह के अंतिम सप्ताह में बाजार में सुस्ती का माहौल रहेगा और बाजार एक सीमित दायरे में कारोबार करेगा। ऐसे में प्रत्येक सेक्टर की ब्लू चिप कंपनियों में नीचे के मूल्यों पर निवेश के मौके मिलेंगे। इनमंे दीर्घकालीन निवेश कर सकते हंै। बहुमूल्य धातुआंे, सोने और चांदी में निवेश से दूर ही रहना ठीक रहेगा। माह के अंत में बाजार वर्तमान स्तरों पर ही बंद होने की प्रबल आशा रहेगी। जून जून में व्यापार का आरम्भ 1 तारीख को गुरुवार के दिन होगा। ग्रहों के प्रभावस्वरूप बाजार के वर्तमान स्तर के आस-पास ही खुलने की प्रबल सम्भावना रहेगी। माह के आरम्भ में मेटल, स्टील, लोहा और पावर उद्योग के शेयर्स में मंदी की आशा रहेगी। लेकिन माह के मध्य में तेजी की आशा रहेगी इसलिए आरंभ में इनमें खरीददारी करने से लाभ प्राप्ति के योग बनेंगे। इलेक्ट्रिकल और इलेक्ट्राॅनिक्स कंपनियों के शेयर्स में भी गिरावट देखने को मिलेगी। इनमंे भी निवेश से इसी माह लाभ प्राप्ति की आशा रहेगी। बैंक और वित्तीय संस्थानों एवं बीमा कंपनियांे में तेजी की आशा रहेगी परंतु तेजी में स्थिरता का अभाव रहेगा इसलिए यदि लाभ मिल रहा हो तो बिकवाली करना ठीक रहेगा। माह के उत्तरार्द्ध में भारतीय बाजारांे की साख पर विदेशी एजेंसियों द्वारा सकारात्मक संकेत देने के पश्चात् विदेशी संस्थागत निवेशकों द्वारा खरीददारी में तेजी आने की पूर्ण सम्भावना रहेगी जिसके परिणामस्वरूप सीमेंट, स्टील रियल्टी, इंफ्रास्ट्रक्चर और सड़क निर्माण मंे कार्यरत कंपनियों के शेयर्स में अप्रत्याशित तेजी की आशा रहेगी। माह के अंत में देशी संस्थाओं और रिटेल निवेशकों द्वारा लाभ कमाने के योग बनेंगे जिससे बिकवाली का दबाव बाजार पर दिखाई देगा और माह के अंत में बाजार गिरावट के साथ बंद होने की प्रबल आशा रहेगी। जुलाई जुलाई में व्यापार का आरम्भ 3 तारीख को सोमवार के दिन होगा। ग्रहों के प्रभावस्वरुप बाजार सकारात्मक रूख लेकर खुलेंगे लेकिन प्रत्येक तेजी पर जिस भी सेक्टर में लाभ मिले लाभ कमाना ठीक रहेगा। हॉस्पिटल, मेडिसीन, एफ. एम. सी. जी, सीमेंट और स्टील उद्योग में तेजी का रुख नजर आएगा,लेकिन इस तेजी में बिकवाली को प्राथमिकता देना ठीक रहेगा, ऐश्वर्य विलासिता और रिटेल, फैशन, होटल, रेस्टोरेंट, फूड चेन आदि में भी लाभ कमाना ठीक रहेगा क्योंकि मौद्रिक नीति में बदलाव के चलते इनमें गिरावट की प्रबल सम्भावना रहेगी। पहली तिमाही के परिणामांे के भी नकारात्मक रहने के समाचारांे से बाजार में निवेशकों का अभाव रहेगा लेकिन ऑटो इंडस्ट्रीज, मोटर वाहन, बैटरी के अच्छे परिणामों एवं एक्सपोर्ट में वृद्धि के चलते प्रत्येक गिरावट पर इनके शेयर्स में निवेश कर सकते हैं। उत्तरार्द्ध में इनके शेयर्स में लाभ कमाने के अवसर मिलने की आशा रहेगी। अंतिम सप्ताह में अंतर्राष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में उछाल की आशा रहेगी जिसके परिणामस्वरूप तेल, पेट्रोल, गैस और एविएशन सेक्टर में मंदी का वातावरण रहेगा लेकिन उनमें निवेश के लिए यह एक उचित अवसर रहेगा। माह के अंत में बाजार गिरावट के साथ बंद होने की प्रबल आशा रहेगी अगस्त अगस्त में व्यापार का आरम्भ 01 तारीख को मंगलवार के दिन होगा। ग्रहों के प्रभावस्वरुप बाजार सकारात्मक रूख लेकर खुलेंगे। रबड़, टायर, लकड़ी, प्लाई, चाय, तम्बाकू इत्यादि के शेयर्स में लाभ कमाने के अवसर मिलेंगे, उनका सदुपयोग करके चलें। रियल्टी, इन्फ्रा, स्टील, सीमेंट और भारी मशीन उद्योग में भी बिकवाली करके चलना ठीक रहेगा क्योंकि पर्यावरण विभाग एवं सरकारी हस्तक्षेप और नियमांे की सख्ती के चलते रियल्टी, इंफ्रास्ट्रक्चर के प्रोजेक्ट में देरी की संभावना बनेगी जिसके चलते सीमेंट और स्टील की मांग में भी कमी रहने की आशा रहेगी और इस क्षेत्र में गिरावट पर पुनः निवेश के अवसर मिलेंगे। माह के मध्य में चीन में मन्दी का माहौल बनेगा जिससे एशियाई बाजारों में गिरावट की आशंका रहेगी और भारत वर्ष भी इससे अछूता नहीं रहेगा, इसलिए किसी भी नवीन निवेश से पूर्व पहले किये गये निवेश पर लाभ कमाना उचित निर्णय रहेगा, अंतिम सप्ताह में इलेक्ट्रिकल, इलेक्ट्राॅनिक्स और पावर वितरण की कंपनियों के शेयर्स में निवेश से शीघ्र लाभ प्राप्ति की आशा रहेगी। माह के अंत में बाजार गिरावट के साथ बंद होने की आशा रहेगी। सितंबर सितंबर में व्यापार का आरम्भ 1 तारीख को शुक्रवार के दिन होगा। ग्रहों के प्रभावस्वरुप बाजार के सकारात्मक रुख लेकर खुलने की प्रबल संभावना रहेगी यद्यपि कि बाजार में एक सीमित दायरे में ही कारोबार होने की स्थिति नजर आती है। इसलिए किसी भी निर्णय में जल्दबाजी हानिकारक साबित हो सकती है। प्रथम सप्ताह में केवल जिस सेक्टर में भी लाभ की प्राप्ति हो रही हो उसमें ही बिकवाली करना ठीक रहेगा। दूसरे सप्ताह में राहु-केतु के राशि परिवर्तन का स्पष्ट प्रभाव बाजार पर दिखाई देगा। अचानक तेजी-मंदी और उठा-पटक का वातावरण बनेगा। ऐसे में गिरावट पर बेचे गए शेयर्स पुनः खरीद सकते हैं एवं गोल्ड फंड, बैंकांे और वित्तीय संस्थाओं एवं इंश्योरेंस कम्पनियों के शेयर में भी निवेश एक उचित निर्णय रहेगा। गुरु के राशि परिवर्तन से सोने से संबंधित उद्योगों में भी तेजी की लहर आने की आशा रहेगी। मध्याह्न मंे रिजर्व बैंक के हस्तक्षेप से डॉलर की तुलना में रुपये में मजबूती की आशा रहेगी जिससे टेलीकॉम, आईटी.,ई. काॅमर्स, जेम्स एन्ड ज्वेलरी, जूते और लेदर कम्पनियों के शेयर्स में गिरावट के आसार नजर आते हैं, लेकिन गिरावट में स्थिरता का अभाव रहेगा इसलिए प्रत्येक गिरावट पर निवेश एक उचित निर्णय रहेगा। तेल, पेट्रोल, गैस, आॅयल मार्केटिंग कम्पनियों और एविएशन सेक्टर में तेजी का वातावरण रहेगा। उनमंे प्रत्येक तेजी पर लाभ कमाना ठीक रहेगा क्योंकि इसी माह पुनः नीचे मूल्यों पर निवेश के अवसर मिलेंगे। अंतिम सप्ताह में इलेक्ट्रिकल और इलेक्ट्राॅनिक्स के शेयर्स में नीचे के मूल्यों पर निवेश से अगले माह लाभ प्राप्ति की प्रबल आशा रहेगी। अंत में बाजार तेजी के साथ बंद होने की प्रबल आशा रहेगी। अक्तूबर अक्तूबर में व्यापार का आरम्भ 3 तारीख को मंगलवार के दिन होगा। ग्रहों के प्रभावस्वरूप बाजार सकारात्मक रुख के साथ खुलने की प्रबल सम्भावना रहेगी और गत माह की तेजी निरन्तर बनी रहने की पूर्ण सम्भावना रहेगी। आरम्भ में मोटर-वाहन उद्योग, बैटरी, इलेक्ट्रिकल, इलेक्ट्राॅनिक्स एवं कंज्यूमर ड्यूेरेबल निर्माण की कम्पनियों के शेयर्स में लाभ कमाने के अवसर मिलेंगे उनका फायदा उठाना ठीक रहेगा, निजी क्षेत्र के बैंकांे, वित्त कंपनियांे, शेयर ब्रोकरेज हाउस एवं बीमा कंपनियांे में भी बिकवाली करके चलना ठीक रहेगा। उत्तरार्द्ध में हाॅस्पिटल, मेडिसीन और फार्मा सेक्टर में तेजी की संभावना रहेगी इसलिए आरम्भ में नीचे के मूल्यों पर निवेश एक उचित निर्णय रहेगा। मध्याह्न में लोहा, मशीन, भारी उद्योग, शिपिंग, रेलवे, न्यायपालिका से जुड़ी कंपनियांे इत्यादि में भी गिरावट पर खरीददारी कर सकते हैं। 26 तारीख को शनि के वृश्चिक से धनु राशि में प्रवेश से इनमंे अप्रत्याशित तेजी की आशा रहेगी लेकिन स्थिरता का अभाव रहेगा इसलिए तेजी आते ही इनके साथ-साथ जिस सेक्टर में भी लाभ मिले बिकवाली करना ठीक रहेगा। माह के अंत में बाजार गिरावट के साथ बंद होने की प्रबल आशा रहेगी। नवंबर नवंबर माह में व्यापार का आरम्भ 01 तारीख को बुधवार के दिन होगा। ग्रहों के प्रभावस्वरुप बाजार गिरावट के साथ खुलने की प्रबल संभावना रहेगी। ऐसे में चावल, चीनी, चाय, डेयरी, फूड रेस्टोरेंट चेन, होटल, रिसाॅर्ट एवं टूर एन्ड ट्रैवल्स शेयर्स में निवेश कर सकते हैं, इनमें दूसरे सप्ताह लाभ प्राप्ति की आशा रहेगी। मध्याह्न तक बाजार में किसी विशेष तेजी अथवा मंदी के आसार नजर नहीं आते हंै। बाजार एक सीमित दायरे में कारोबार करेगा, विदेशी बाजारांे से भी किसी सकारात्मक दिशा के न मिलने से गिरावट बढ़ सकती है परंतु घबराने की आवश्यकता नहीं है। धैर्य से काम लें और जल्दबाजी में घाटा बुक करने की गलती न करें। सरकार की ओर से ब्याज दरों में कमी और टैक्स छूट इत्यादि की खबरों से विदेशी निवेशकों द्वारा भरपूर खरीददारी की आशा रहेगी जिससे बाजार में बहार आने की पूर्ण सम्भावना रहेगी और अंतिम सप्ताह में लाभ कमाने के उपयुक्त अवसर प्राप्त होंगे। ऐसे मंे सरकारी कंपनियों, रियल्टी, इन्फ्रा और रोड निर्माण कार्यों में रत कम्पनियांे को प्राथमिकता से बेचना एक उचित निर्णय रहेगा। अंत में बाजार तेजी के साथ बंद होने की आशा रहेगी। दिसम्बर दिसंबर में व्यापार का आरम्भ 1 तारीख शुक्रवार को होगा। ग्रहों के प्रभावस्वरूप बाजार वर्तमान स्तरों के आस-पास ही खुलने की सम्भावना रहेगी लेकिन शीघ्र ही बिकवाली के दबाव में बाजार गिरावट का रुख ले सकता है। पहले सप्ताह में प्रत्येक गिरावट पर सीमेंट और रियल्टी इन्फ्रास्ट्रक्चर और स्टील एवं पावर के शेयर्स में खरीदारी करना ठीक रहेगा। प्लास्टिक, रबड़, रंग रोगन और केमिकल में भी निवेश कर सकते हैं। बैंकों और वित्तीय संस्थाओं एवं इंश्योरेंस कम्पनियों के शेयर में दीर्घकालीन निवेश एक उचित निर्णय रहेगा, गोल्ड फंड, विलासिता, गोल्ड-डायमंड ज्वेलरी, होटल, सिगरेट और शराब की कंपनियांे में प्रत्येक गिरावट पर निवेश से इसी माह लाभ प्राप्ति की आशा रहेगी लेकिन उनमें अगले वर्ष के लिए निवेश कष्टकारी हो सकता है। उत्तरार्द्ध में अमेरिका और यूरोप के देशांे द्वारा भारतीय मेडिसीन, फार्मा और हॉस्पिटल कम्पनियों को नियमांे में छूट देने और आयात करों को कम करने की सम्भावना रहेगी जिससे इनके शेयर्स में तेजी का बोलबाला रहेगा इसलिए पूर्वार्द्ध में इस क्षेत्र की ब्लू चिप कम्पनियों में निवेश से इसी माह लाभ प्राप्ति की आशा रहेगी। अंतिम सप्ताह में रेलवे, शिपिंग और एविएशन, लाॅजिस्टिक्स एवं ट्रांसपोर्ट कंपनियों में निवेश से नव वर्ष में लाभ प्राप्ति के शुभ अवसर प्राप्त होंगे। माह के अंत में बाजार सकारात्मकता के साथ बंद होने की आशा रहेगी। ‘‘फ्यूचर समाचार’’ के सभी पाठकों को ईश्वर शेयर बाजार में लाभ कमाने के अनंत अवसर प्रदान करंे। इन्हीं शुभकामनाओं सहित आप सब का नव वर्ष शुभ, मंगलमय, समृद्धि एवं लाभ से परिपूर्ण रहे। नोटः -उपरोक्त फलादेश गृह स्थिति पर आधारित है, इसका उद्धेश्य पाठकों का मार्गदर्शन करना है, कोई भी निर्णय लेने से पहले बाजार को प्रभावित करने वाले अन्य कारणों पर भी ध्यान दें, सट्टा खेलने की प्रवृत्र्ति, निर्णय में गलती एवं निजी भाग्यहीनता के कारण होने वाले किसी भी नुकसान के लिए लेखक, सम्पादक एवं समाचार पत्र की कोई जिम्मेदारी नहीं होगी।


नववर्ष विशेषांक  जनवरी 2017

ज्योतिषीय पत्रिका फ्यूचर समाचार के इस वास्तु विशेषांक में बहुत अच्छे नववर्ष से सम्बन्धित लेखों जैसे 2017 नववर्ष मंगलकारी कैसे हो !, व्यापारिक दृष्टिकोण से नववर्ष 2017,2017 में सूर्य व चंद्र ग्रहण, बाॅलीवुड के लिए कैसा रहेगा साल 2017,2017 में भारत की राजनीति, अर्थव्यवस्था और शेयर बाजार,अंक ज्योतिष से जानें 2017 आदि।

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