शंख प्रश्नोतरी डॉ. अरुण बंसलशंखों का हिन्दू धर्म संस्कृति में प्राचीनकाल से ही विशेष महत्व रहा हैं। अष्ट-सिद्धियों एवं नव्निधियों में शंख का महत्वपूर्ण स्थान हैं। श्री विष्णु के चार आयुधों में शंख को भी स्थान प्राप्त हैं। शंख पूजन से दरिद्रता निवारण, आर्थिक ... और पढ़ेंज्योतिषउपायसफलतासुखजुलाई 2012व्यूस: 14380
कुछ उपयोगी टोटके संत बाबा फतह सिंहइस स्तंभ में कुछ उपयोगी टोटके दिए गए हैं जिनकी विधिवत जानकारी प्राप्त करके कुछ सर्व सामान्य समस्याओं से निजात पाई जा सकती है। इस लेख में दिया गया सर्व ग्रह अनिष्टकारक टोटका भी समस्त ग्रहों के उपद्रवों को नष्ट करने में सहायक सिद्ध ... और पढ़ेंउपायस्वास्थ्यसंपत्तिसफलताटोटकेसुखस्वर सुधार/हकलानाकाला जादूमार्च 2011व्यूस: 32703
मनोकामना सिद्धि का आसान उपाय रुद्राक्ष धारण रंजू नारंगधर्म, अर्थ, काम व मोक्ष मानव जीवन के मुख्य लक्ष्य कहे गए हैं। हर व्यक्ति इन लक्ष्यों की प्राप्ति हेतु यथासंभव प्रयास करता है। लक्ष्यों की प्राप्ति हेतु शास्त्रों में विभिन्न ज्योतिषीय सामग्रियों के उपयोग का उल्लेख है, जिनमें रुद्र... और पढ़ेंउपायस्वास्थ्यसंपत्तिरूद्राक्षविवाहशिक्षाबाल-बच्चेव्यवसाययशसुखमई 2010व्यूस: 24482
आध्यात्मिक उपायों द्वारा संतान प्राप्ति एवं सुख रमेश शास्त्रीभारतीय संस्कृति एवं सभ्यता में वैसे तो सभी सोलह संस्कारों का अपना-अपना महत्व है लेकिन विवाह संस्कार का संपूर्ण संस्कारों में विशिष्ट स्थान है। भारतीय सभ्यता में विवाह संस्कार का संतानोत्पत्ति से ही अधिक तात्पर्य है।... और पढ़ेंज्योतिषउपायरूद्राक्षभविष्यवाणी तकनीकबाल-बच्चेसुखमई 2006व्यूस: 6418
रत्न रहस्य डॉ. अरुण बंसलमानव जीवन पर ग्रहों का अत्यधिक प्रभाव पड़ता है. ग्रहों में व्यक्ति के सृजन एवं संहार की जितनी प्रबल शक्ति होती है, उतनी ही शक्ति रत्नों में ग्रहों की शक्ति घटाने तथा बढाने की होती है. रत्नों की इसी शक्ति के उपयोग के लिए इन्हें प्रय... और पढ़ेंज्योतिषउपायसंपत्तिरत्नसुखजून 2009व्यूस: 29216
अच्छे स्वास्थ्य के लिए अपनाएं हर्बल उत्पाद फ्यूचर पाॅइन्टहृदय मानव शरीर का महत्वपूर्ण अंग है। स्वस्थ हृदय के बिना कुछ पलों का जीवन भी कठिन है। हृदय हमारे शरीर में आॅक्सीजन युक्त रक्त के संचार जैसा महत्वपूर्ण कार्य करता है।... और पढ़ेंस्वास्थ्यसुखविविधजनवरी 2010व्यूस: 8330
आप और आपका फिटनेस मंत्र तन्वी बंसलउपरोक्त लेख में अपने बारे में जानने के लिए अपने लग्न अनुसार पढ़ें। यदि लग्न न मालूम हो तो चन्द्र राशि अनुसार पढे़ं। यह भी न मालूम हो तो जन्म तारीख अनुसार सूर्य राशि ज्ञात कर लेख पढ़ें । लग्न जो कि जन्म तारीख, समय व स्थान पर निर्भर ... और पढ़ेंज्योतिषस्वास्थ्यराशिभविष्यवाणी तकनीकज्योतिषीय विश्लेषणसुखजून 2015व्यूस: 8147
हृदय रोगियों के लिए वरदान मुद्राविज्ञान कौलाचार्य जगदीशानन्द तीर्थये मुद्राएं हृदय संबंधी रोगों के लिए अत्यंत चमत्कारिक व लाभकारी हंै।... और पढ़ेंउपायस्वास्थ्यमुखाकृति विज्ञानसुखअन्य पराविद्याएंफ़रवरी 2010व्यूस: 4365
रत्न चयन व् धारण विधि -विधान भगवान सहाय श्रीवास्तवसही रत्न का चुनाव करना एक कठिन कार्य है, क्योंकि रत्न जहां लाभ करते हैं. वहीँ हानि भी पहुंचा सकते हैं. लग्न, चतुर्थ, पंचम, नवम, दशम, द्वितीय ये शुभ भाव हैं. यदि इनसे सम्बंधित ग्रह जन्मकुंडली में स्वग्रही... और पढ़ेंज्योतिषरत्नसुखमई 2012व्यूस: 113448
कष्ट निवारे भाग्य संवारे रुद्राक्ष अशोक शर्माभगवान शिव को ही रुद्र कहा जाता है। ग्रंथों में उल्लेख है कि रुद्र जब व्यथित होकर घोर तपस्या पर बैठे, तो उनके नेत्रों से पृथ्वी पर कुछ अश्रुकण गिरे, जिनसे एक फल की उत्पत्ति हुई।... और पढ़ेंउपायरूद्राक्षसुखमई 2010व्यूस: 10228
समृद्धिदायक कौड़ी ब्रेसलेट फ्यूचर पाॅइन्टकौड़ी भगवान शिव के वाहन नदी को परम प्रिय हैं। इसमें भगवान शिव का वास माना जाता है। वैज्ञानिक टूर पर कौड़ी में चुम्बकीय एवं आकर्षण शक्तियां पाई जाती है। इसके स्पर्श एवं उपयोग से अनेक पापों से छुटकारा मिलता है। इससे दीर्घायु एवं स्वास... और पढ़ेंउपायसंपत्तिसुखसितम्बर 2006व्यूस: 11439
कामनापूर्ति में मालाओं का उपयोग रमेश शास्त्रीयह माला मोती रत्नों से निर्मित होती है। इस माला का उपयोग विभिन्न प्रकार की समस्याओं के निदान के लिए किया जाता है। चंद्र ग्रह की शांति के लिए इस माला पर किया गया जप कई गुणा शुभ फलदायक होता है।... और पढ़ेंउपायसुखजून 2010व्यूस: 10961