बसंत पंचमी को सरस्वती पूजन फ्यूचर समाचारबसंत पंचमी पर सरस्वती पूजन का विधान पौराणिक काल से ही चला आ रहा है। बसंत पंचमी को सभी शुभ कार्यो के लिए अत्यंत शुभ मुहूर्त माना गया है। मुखयतः विद्यारंभ, नवीन विद्या प्राप्ति एवं गृह प्रवेश के लिए बसंत पंचमी को हमारे पुराणों में भ... और पढ़ेंदेवी और देवजनवरी 2012व्यूस: 11751
बसंत पंचमी एवं मां सरस्वती फ्यूचर समाचारमन भावन बसंत ऋतु का आगमन शीत ऋतु की समाप्ति पर होता है। वैदिक कालों से इस उमंग, उल्लास और उत्साह से भरे बसंत पंचमी पर्व को मनाने का प्रचलन है। माघ शुक्ल पंचमी को मनाया जाने वाला पर्व बसंत पंचमी मां सरस्वती का जनम दिन भी है।... और पढ़ेंदेवी और देवजनवरी 2012व्यूस: 9975
मकर संक्रांति फ्यूचर समाचारमकर संक्रांति का पर्व पूरे भारत में विभिन्न नामों, मान्यताओं एवं विधि से मनाया जाता है। इसको मनाने की विस्तृत विधि, मान्यताओं एवं आधुनिक परिवेश में ज्योतिषीय, पौराणिक एवं धार्मिक महत्व का वर्णन।... और पढ़ेंदेवी और देवजनवरी 2012व्यूस: 9478
सूर्य आराधना का प्राच्य स्थल देव फ्यूचर समाचारएक खयातिनाम देवालय है देव का सूर्य मंदिर, जो अपनी बनावट, अदभुत कलाकारिता व पश्चिममुखी द्वार के नाम पर देश प्रसिद्ध हैं।... और पढ़ेंदेवी और देवजनवरी 2012व्यूस: 6922
पृथ्वी माता का व्रत व पूजन फ्यूचर समाचारपृथ्वी माता के व्रत व पूजन का विशेष महत्व शास्त्रों व पुराणादि में वर्णित है। सभी ने भू देवी का पूजनकर अपने-अने योग्य मनोवांछित फलों को प्राप्त करते हुए जीवन का कल्याण किया है।... और पढ़ेंदेवी और देवजनवरी 2012व्यूस: 26664
षष्ठी देवी व्रत फ्यूचर समाचारषष्ठी देवी का व्रत प्रत्येक मास में षष्ठी तिथि के अवसर पर यत्नपूर्वक करने व मनाने का विधान है।... और पढ़ेंदेवी और देवदिसम्बर 2011व्यूस: 7516
शनि देव एक परिचय फ्यूचर पाॅइन्टइस संसार में कोई भी ऐसा व्यक्ति नहीं है जो शनि के प्रभाव से अछूता हो। शनिदेव का नाम सुनते ही जनता में भय उत्पन्न हो जाता है। शनि ग्रह उतने अशुभ नहीं जितना इन्हें समझा जाता है। व्यक्ति को अध्यात्म और मोक्ष दिलाने वाले केवल शनि ग... और पढ़ेंज्योतिषदेवी और देवग्रहअध्यात्म, धर्म आदिजून 2016व्यूस: 9037
आप और आपके भगवान तन्वी बंसलप्रस्तुत लेख में अपने बारे में जानने के लिए अपने लग्न अनुसार पढ़ें। यदि लग्न न मालूम हो तो चन्द्र राशि अनुसार पढे़ं। यह भी न मालूम हो तो जन्म तारीख अनुसार सूर्य राशि ज्ञात कर लेख पढ़ें । लग्न जो कि जन्म तारीख, समय व स्थान पर निर्भर... और पढ़ेंज्योतिषदेवी और देवभविष्यवाणी तकनीकज्योतिषीय विश्लेषणअकतूबर 2015व्यूस: 7762
जन्मकुंडली, नवग्रह और अष्टलक्ष्मी फ्यूचर पाॅइन्टमां लक्ष्मी की पूजा से इंसान को धन की प्राप्ति होती है। अगर आप काफी समय से आर्थिक तंगी में हंै तो अपने काम के साथ-साथ मां लक्ष्मी का पूजन अवश्य करें। शास्त्रों के अनुसार लक्ष्मी को चंचला कहा जाता है अर्थात जो कभी एक स्थान प... और पढ़ेंज्योतिषदेवी और देवपर्व/व्रतग्रहअकतूबर 2017व्यूस: 7624
कहां-कहां बसे हैं शनि धाम ? फ्यूचर पाॅइन्टशनि का नाम जपने से अनेक कष्टों का शमन होता है। शनि शांति का अनुष्ठान यदि शनि मंदिरों में जाकर किया जाए तो उसका प्रभाव शीघ्र होता है। शनि के सिद्ध स्थलों की जानकारी प्रायः कम ही लोगों को होती है। इस आलेख में कुछ प्रसिद्ध शनि धाम... और पढ़ेंज्योतिषदेवी और देवमन्दिर एवं तीर्थ स्थलग्रहनवेम्बर 2006व्यूस: 6544
शास्त्रीय धन योग सुशील अग्रवालभागवतम के अनुसार भोग-विलास का फल इन्द्रियों को तृप्त करना नहीं है, उसका प्रयोजन है केवल जीवन निर्वाह। जीवन का फल भी तत्त्व जिज्ञासा है, बहुत कर्म करके स्वर्गादि प्राप्त करना उसका फल नहीं है। शास्त्रीय ज्ञान के विपरीत, वर्तमा... और पढ़ेंज्योतिषदेवी और देवसंपत्तिज्योतिषीय योगअकतूबर 2017व्यूस: 10729
प्रचेताओं को भगवान का वरदान ब्रजकिशोर शर्मा ‘ब्रजवासी’परमहंस, आत्मज्ञानी व भगवान श्रीकृष्ण के अनन्य भक्त पूज्य गुरुदेव श्री शुकदेव बाबा के श्री चरणों में विराजमान तत्त्वाभिलाषी महाराज परीक्षित ने पूछा - भगवान् ! आपने राजा प्राचीन-बर्हि के जिन पुत्रों का वर्णन किया था, उन प्र... और पढ़ेंज्योतिषदेवी और देवविविधअप्रैल 2015व्यूस: 6302