हनुमान जी भगाएं कष्टों को भूत पिशाच निकट नहीं आवे, महावीर जब नाम सुनावै

हनुमान जी भगाएं कष्टों को भूत पिशाच निकट नहीं आवे, महावीर जब नाम सुनावै  

व्यूस : 8356 | सितम्बर 2012
हनुमान जी भगाएं कष्टो को भूत पिशाच निकट नहीं आवे, महावीर जब नाम सुनावै श्रीराम भक्त हनुमान को केसरीनंदन, पवनसुत, अंजनीपुत्र आदि नामों से पुकारा जाता है। हनुमान जी आठ तरह की सिद्धियों और नौ तरह की निधियों के दाता हैं। हनुमान जी के प्रत्येक पाठ इतने चमत्कारी हैं कि उनके मात्र- एक बार स्मरण से ही व्यक्ति मुसीबत से पार हो जाता है। चाहे वह चालीसा हो, सुंदरकांड हो, कवच हो या स्तोत्र हो, इनमें से किसी का भी पाठ कर लेने से बाधाओं में धंसा हुआ व्यक्ति जैसे तुरंत ही भवसागर तर जाता है। प्रत्येक मंगलवार और शनिवार के दिन हनुमान मंदिर पर भक्तों का आकर्षण इस बात का परिचायक है कि प्रभु श्री राम के साथ हनुमान भी सभी के हृदय में विराजे हैं। किसी भी प्रकार की बाधा हो- चाहे व्यक्ति आर्थिक संकट से ग्रस्त हो, या भूतपिशाच जैसे ऊपरी बाधाओं से परेशान तथा मारण, सम्मोहन, उच्चाटन आदि से ग्रस्त व्यक्ति को हनुमान आराधना से बहुत ही अच्छा लाभ मिलता है। यदि कोर्ट - कचहरी, लड़ाई, मुकदमों से ग्रस्त व्यक्ति भी हनुमान जी की शरण में आए तो उसे लाभ अवश्य मिलता है। हनुमान साधना के नियम शास्त्रों में मार्गशीर्ष मास के शुक्ल पक्ष की त्रयोदशी तिथि के दिन व्रत करने से और इसी दिन हनुमान-पाठ, जप, अनुष्ठान आदि प्रारंभ करने से त्वरित फल प्राप्त होता है। हनुमान-साधना में लाल चीजों का प्रयोग अधिक हो। जप-पाठ अनुष्ठान आदि प्रारंभ करने से पूर्व किसी भी हनुमान मंदिर में जाकर हनुमान जी से आज्ञा मांग लेनी चाहिए। जातक को पूर्व या उत्तर दिशा की ओर मुंह करके लाल आसन का प्रयोग करते हुए हनुमान साधना प्रारंभ कर लेनी चाहिए व जप मूंगे की माला से भी कर सकते हैं। साधना के दौरान ब्रह्मचर्य का पालन, आहार-विहार पर नियंत्रण रखना चाहिए। कुछ अन्य टिप्स बच्चों को महीने या दो महीने में हनुमान मंदिर ले जाकर झाड़ा लगवाना चाहिए जिससे बच्चों पर नजर-दोष, भूत-प्रेत का दबाव ना रहे। हनुमान जी के चरणों के सिंदूर को चांदी के ताबीज में बंधवाकर गले में धारण करने से भी भूत-प्रेत व टोने-टोटके आदि का भय समाप्त होता है। प्रतिदिन अप-डाउन करने वाले पैसेन्जर को हनुमान चालीसा का पाठ करना चाहिए ताकि दुर्घटना से उनकी रक्षा हो सके। साक्षात्कार देने से पूर्व विद्यार्थियों को बजरंग - बाण का पाठ करना चाहिए जिससे इन्टरव्यू में सफलता प्राप्त होती है। फैक्ट्री या व्यवसाय-स्थान आदि पर भूत-प्रेतों का साया न पड़े, इसके लिए इन्हें अपने-अपने प्रतिष्ठानों के ऊपर हनुमान ध्वज (झंडा) लगा देना चाहिए। यह ध्वज लाल कलर का हो। बुरी आत्माओं का प्रवेश हमारे घर में ना हो, इसके लिए द्वार पर सिंदूर से राम-राम लिखकर 7 बिंदु लगा दे जिससे हमारा घर सुरक्षित रहे। मानस हवन मानस हवन में हम चाहें तो सुंदरकांड के सभी दोहों से हवन कर सकते हैं। इस हवन में कोई भी गलती रहने पर अंत में चालीसा का पाठ कर लेना चाहिए। इस हवन के प्रभाव से ऊपरी बाधाओं का शमन होता है। घर में हनुमान-यंत्र की स्थापना करने से भी हमारा घर सुरक्षित रहता है। मकान के आस-पास श्मशान हो या कोई खंडहर भवन हो तो ऐसे में हमारे मकान के ऊपर हमें हनुमत-ध्वज की स्थापना कर देनी चाहिए और ध्वज पर हनुमत् यंत्र सिंदूर से बना लें या बना-बनाया खरीद कर लगा दें।

Ask a Question?

Some problems are too personal to share via a written consultation! No matter what kind of predicament it is that you face, the Talk to an Astrologer service at Future Point aims to get you out of all your misery at once.

SHARE YOUR PROBLEM, GET SOLUTIONS

  • Health

  • Family

  • Marriage

  • Career

  • Finance

  • Business


.