कुछ उपयोगी टोटके

कुछ उपयोगी टोटके  

कुछ उपयोगी टोटके डाॅ. उर्वशी बंधु छोटे-छोटे उपाय हर घर में लोग जानते हैं, पर उनकी विधिवत जानकारी के अभाव में वे उनके लाभ से वंचित रह जाते हैं। इस लोकप्रिय स्तंभ में उपयोगी टोटकों की विधिवत जानकारी दी जा रही है... शत्रुता समाप्ति के लिए अपने पूजा स्थल में शुक्ल पक्ष के बृहस्पतिवार को बगलामुखी यंत्र स्थापित करें। नित्य नहा धोकर यंत्र के दर्शन करें। गेंदे का एक पीला फूल अवश्य चढ़ाएं। शत्रु शत्रुता त्याग दें यह प्रार्थना दीन भाव से करें, कुछ ही समय में प्रबल शत्रु तक की शत्रुता समाप्त हो जाएगी। पति की दीर्घायु के लिए पति की दीर्घायु के लिए शुक्ल पक्ष के शुक्रवार को किसी सुहागिन को लाल सिंदूर की डिब्बी, इत्र गुलाब की शीशी, आधा किलो चने की दाल और केसर का पत्ता या डिब्बी दान करें। ऐसा हर महीने दो शुक्रवार करंे, महालक्ष्मी और नारायण की असीम कृपा से पति दीर्घायु होंगे। सास ससुर को प्रसन्न करने के लिए यदि किसी कारण से बहू से ससुर नाखुश हों, तो बहू को प्रतिदिन नहा धोकर तांबे के लोटे में जल में गुड़ व गुलाब जल की कुछ बूंदें डाल कर सूर्य देव को अघ्र्य देना चाहिए व सुख शांति की हृदय से प्रार्थना करनी चाहिए। ऐसा करने से स्थिति धीरे-धीरे ठीक हो जाती है। यदि किसी कारण सास नाराज रहती हों तो पूर्णमासी का व्रत रखें और खीर बनाएं। चंद्रमा को दूध में थोड़ा सा पानी डाल कर अघ्र्य दें। धूप दीप दिखाएं, खीर का भोग लगाएं, चंद्र देवता से मधुर संबंध की प्रार्थना करें व सभी सदस्यों को प्रेम से खीर खाने को दें। कुछ ही समय में स्थिति में आश्चर्यजनक परिवर्तन होगा। यही उपाय जेठानी व ननद के नाराज रहने पर भी करना है। नजर दोष यदि जबरदस्त नजर लगी हो तो शनिवार को जिसे नजर लगी हो उसकी लंबाई से सात गुना ज्यादा लंबा एक काले रंग का धागा लें और उसे सात बार सिर से पैर तक उतारें। अब पीपल पर तेल का दीपक और गुलाब की अगरबत्ती जलाएं। फिर वह उतारा हुआ काला धागा पीपल के वृक्ष पर लपेट दें, पीड़ित व्यक्ति का नाम लेकर प्रार्थना करें कि इसकी बला तेरे सिर। पीछे मुड़ कर न देखें। पानी की बोतल साथ ले जाएं और घर में घुसने से पहले हाथ पैर धो लें। यह क्रिया शनिवार को करें। कई बार जबरदस्त नजर लगने से मनुष्य किसी काम का नहीं रहता, उसका मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य बिगड़ जाता है। ऐसे में श्रद्धा से किया गया यह उपाय कारगर सिद्ध होता है। यदि किसी को प्रेतबाधा आदि भी हो तो वह भी दूर हो जाती है। गृह क्लेश निवारण गृह क्लेश निवारण के लिए घर में हरी सब्जियों का सेवन किसी भी रूप म ंे परू े सप्ताह हाने ा चाहिए। दाल का प्रयोग कम होना चाहिए। वह भी पतली बनी होनी चाहिए। ऐसा करने से क्लेश दूर हो जाता है। साथ ही घर में लगे पर्दे जमीन को छूते हुए होने चाहिए। खिड़कियों पर भी पूरे पर्दे लगाएं। इन छोट-छोटे परिवर्तनों से घर में खुशहाली आएगी। बाधाएं दूर करने के लिए गणेश चतुर्थी को अगर गणेश जी की मूर्ति को अच्छी तरह सजा कर जल में प्रवाहित करें, तो सब कष्ट तथा बाधाएं दूर हो जाती हैं और घर में सुख-शांति रहती है । भूत-प्रेत तथा रोग दूर करने के लिए सरसों का तेल लें। उसे गर्म करें। उसमें चमड़े का एक टुकड़ा डालें। इसको आग पर गर्म करें। जब धुआं निकलने लगे, इसमें एक नींबू, थोड़ी सी फिटकरी, एक कील डाल कर रोगी के सिर के उपर से 7 बार वार कर, किसी जगह गड्ढा खोद कर दबा दें तथा इसके ऊपर कील ठोक दें, भूत-प्रेत का असर खत्म होगा तथा रोगी ठीक हो जाएगा । इसमें 3 काली चूड़ियां भी डालें ।



पूर्व जन्म विशेषांक   सितम्बर 2007

पूर्व जन्म क्या हीं ? पूर्व जन्म और वर्तमान जीवन का सम्बन्ध, पुनर्जन्म किसका होता है? पितृ दोष क्या हैं? पितृ दोष निवारण के उपाय, ज्योतिष द्वारा पूर्व तथा अगले जन्म का ज्ञान, पुनर्जन्म की अवधारणा, नक्षत्रों से रोग विचार

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