लग्न राशि: व्यक्तित्व का आईना

लग्न राशि: व्यक्तित्व का आईना  

आधुनिक युग भाग-दौड़ और व्यस्तता का युग है। बढ़ते शहरीकरण ने दुनिया को छोटा और लोगों को एक-दूसरे से अनजान कर दिया है। वर्षों तक साथ रहने पर भी एक परिवार के लोग एक-दूसरे की पसंद नापसंद को अच्छी तरह से नहीं समझ पाते हैं और एक-दूसरे को नहीं समझ पाने की यह स्थिति कई बार परिवार के बिखराव का कारण बन जाती है। इस जटिल समस्या का समाधान ज्योतिष जगत के माध्यम से सरलता से किया जा सकता है। ज्योतिष से न केवल आप किसी को पूर्ण रुप से समझ सकते हैं बल्कि इससे यह भी जाना जा सकता है कि संबंधित व्यक्ति के शौक क्या हैं? मात्र लग्न घर में स्थित राशि से व्यक्ति के विषय में काफी हद तक बातें जानी जा सकती हैं जैसे व्यक्ति के खाने के शौक, बातचीत, रहन-सहन, मित्रों से संबंध सभी के बारे में लग्न स्पष्ट संकेत करता है। लग्न भाव की राशि किसी भी व्यक्ति को समझने जानने का माध्यम हो सकती है। इस आलेख के माध्यम से आपको विभिन्न 12 राशियों के व्यक्तियों के व्यक्तित्व को पहचानने में सहयोग प्राप्त होगा - मेष लग्न में मेष राशि होने पर व्यक्ति के स्वभाव में उग्रता होने की संभावना रहती है। इसका कारण लग्न में मंगल की राशि का होना है। इससे व्यक्ति में साहस व पराक्रम प्रचुर मात्रा में होता है। ऐसा व्यक्ति उत्साह व जोश से भरा होता है। उसके स्वभाव में ऊर्जा व शक्ति का समावेश होता है। ऐसे में व्यक्ति मेहनत के कामों से पीछे नहीं हटता है पर व्यक्ति को अपने क्रोध को कम करने का प्रयास करना चाहिए क्योंकि अधिक क्रोध स्वास्थ्य के लिए अच्छा नहीं होता है। ऐसे व्यक्ति को पत्र लेखन में रुचि हो सकती है। वह टेलीफोन पर लंबी-लंबी बातें करना पसंद करता है। वह मिलनसार होता है जिसके फलस्वरूप उसके अनेक मित्र होते हैं। उसे हंसी-मजाक करना अच्छा लगता है। घूमने का वह शौकीन होता है। ऐसा व्यक्ति शीघ्र विश्वास कर लेता है जो कभी-कभी उसके लिए हानि का कारण बनता है। उपाय वर्ष भर हनुमान जी की उपासना करें और 3 मुखी रुद्राक्ष धारण करें। वृषभ लग्न में वृषभ राशि हो तो व्यक्ति अच्छा वक्ता होता है अर्थात वह अपनी बातों से लोगों को प्रभावित करने की योग्यता रखता है। व्यक्ति के स्वभाव में चतुराई होती है। वह धैर्यवान होता है। व्यक्ति में चंचलता पाई जाती है। विनम्र व मिलनसार होना उसके अच्छे गुणों मे से एक होता है। उसकी वाणी में मधुरता होती है जो सबका मन मोह लेती है। ऐसा व्यक्ति अपने गुरुओं का सम्मान करने वाला होता है तथा वह अपने अधिकारों के प्रति सतर्क होता है। वृषभ लग्न के व्यक्ति को हस्त कला का काम अच्छा लगता है। उसे तैराकी का शौक हो सकता है। व्यक्ति को बागवानी करना अच्छा लगता है। इस लग्न के व्यक्ति अच्छा खाना बनाना जानते हैं व इस लग्न के व्यक्ति को संगीत सुनना रुचिकर लगता है। उपाय 6 मुखी या गौरी शंकर रुद्राक्ष धारण करें। लक्ष्मी जी के बीज मन्त्र का पाठ करें। मिथुन मिथुन राशि लग्न में होने पर व्यक्ति स्वभाव से नम्र होता है। वाणी में मधुरता होती है। उसे अपने प्रियजनों का स्नेह मिलता है। वह अपने शत्रुओं पर विजय प्राप्त करता है। इस लग्न का व्यक्ति बुद्धिमान होता है इसलिए वह नये विषय को शीघ्र सीख लेता है। व्यक्ति अपनी मेहनत व लगन के पक्के होते हंै। व्यक्ति को निरंतर काम में लगे रहना पसंद होता है। ऐसे व्यक्ति को गाना गाने में रुचि होती है। वह खेल कूद में रुचि लेता है। वह गृह सज्जा में रुचि लेता है। उसे अभिनय का शौक होता है। इसलिए वह मनोरंजन के विषयों को पसन्द करता है। शिल्प कला उसे अच्छी लगती है, व्यक्ति अच्छी पेंटिग करना जानता है। उपाय पन्ना धारण करें। 4 मुखी रुद्राक्ष धारण करें। श्री यन्त्र की स्थापना करें। कर्क जिस व्यक्ति के लग्न में कर्क राशि होती है उसके अधिक मित्र होते हैं। वह शीघ्र क्षमावान होता है। ऐसे में व्यक्ति लोगों से अधिक समय तक नाराज नहीं रह सकता है। व्यक्ति धार्मिक होता है। उसमें सेवा भाव होता है। अपने इस गुण से वह सबका मन जीत लेता है। वह बुद्धिमान होता है। व्यक्ति अत्यधिक भावुक होता है। वह दयालु होता है। व्यक्ति साफ दिल का होता है। उसे पठन पाठन में रुचि होती है। उसे लेखन करना अच्छा लगता है। समाज सेवा का काम भी उसे अच्छा लगता है। उपाय पुखराज धारण करें। साथ ही 2 मुखी रुद्राक्ष धारण करें। सिंह लग्न में सिंह राशि हो तो व्यक्ति उत्साही होता है। वह पराक्रमी भी होता है। उसके स्वभाव में कठोरता होने की संभावना रहती है। वह घूमने फिरने में अधिक रुचि लेता है। ऐसा व्यक्ति इरादों से दृढ़ होता है। अपने इस गुण से उसे सफलता के नये आयाम मिलते हं। व्यक्ति स्वतंत्र विचारों का होता है। व्यक्ति दिखने में आकर्षक होता है। व्यक्ति बड़ों का आदर करता है। व्यक्ति को क्रिकेट के खेल में रुचि हो सकती है। वह कला के संग्रह का शौकीन होता है। लोगों में वह जल्द घुल मिल जाता है। उसे संगीत सुनने में रुचि होती है। उपाय 1 व् 14 मुखी रुद्राक्ष धारण करें। महामृत्युंजय मंत्र का पाठ करें। कन्या लग्न में कन्या राशि होने पर व्यक्ति चतुर व बुद्धिमान होता है। व्यक्ति को सच्चाई पसन्द होती है। उसकी ईच्छा शक्ति मजबूत होती है। वह व्यावहारिक होता है। अपने विनोदी स्वभाव से वह सभी को हंसाता रहता है। वह खुशमिजाज होता है। ऐसे व्यक्ति की स्मरण शक्ति अच्छी होती है। उसे भाग्य की अपेक्षा कर्म पर अधिक विश्वास होता है। व्यक्ति अपने आकर्षक व्यक्तित्व के कारण विपरीत लिंग में लोकप्रिय होता है। उपाय पन्ना धारण करें और 4 मुखी रुद्राक्ष धारण करें। तुला तुला राशि लग्न में हो तो व्यक्ति को शुभ काम करने में रुचि होती है। वह सत्य बोलना पसन्द करता है। वह संवेदनशील होता है। व्यक्ति को शान्ति पसन्द होती है। वह बुद्धिमान होता है। व्यक्ति सोच विचार करके निर्णय लेता है। व्यक्ति को विपरीत लिंग में लोकप्रियता मिलती है। ऐसा व्यक्ति आज में जीता है, वह कल की चिंता नही करता है। व्यक्ति में न्याय करने की योग्यता होती है इसलिए वह सही-गलत को जल्द पहचान लेता है। उसे खेलकूद पसंद होता है। व्यक्ति को अपने क्रोध पर नियंत्रण रखना चाहिए। उसे जोखिम से भरे खेलों में रुचि होती है इसलिए उसे गाड़ियों की रेस इत्यादि अच्छी लग सकती है। व्यक्ति को घूमने फिरने का शौक होता है। उपाय 13 मुखी रुद्राक्ष धारण करें। वृश्चिक वृ्श्चिक राशि लग्न में होने पर व्यक्ति को अपने क्रोध को कम करने का प्रयास करना चाहिए। उसे कठिन समय में जोश से नहीं बल्कि होश से काम लेना चाहिए। व्यक्ति हिम्मत वाला होता है। उसके स्वभाव में उग्रता होती है। सोच मं गहराई पाई जाती है। व्यक्ति को अपने बल का प्रदर्शन करना अच्छा लगता है। व्यक्ति होनहार होता है। उसे अपने प्रयासों से सफलता मिलती है। व्यक्ति को वस्तुओं के संग्रह का शौक होता है। उसे बुनाई व बागवानी करना भी अच्छा लगता है। व्यक्ति को संगीत में रुचि होती है। जोगिंग करना उसे अच्छा लगता है। उसे व्यायाम करने मे रुचि रहती है। व्यक्ति को पहाड़ों पर घूमना अच्छा लगता है। उपाय मूंगा धारण करें। हनुमान जी की उपासना करें। हनुमान चालीसा का पाठ नियमित करें। 3 और 14 मुखी रुद्राक्ष धारण करें। धनु जिन व्यक्तियों के जन्म लग्न में धनु राशि होती है वे विनम्र स्वभाव के होते हैं। ऐसा व्यक्ति बुद्धिमान भी होता है। वह ज्ञानी होता है। व्यक्ति हृदय से सरल होता है, उसे सच्चाई व ईमानदारी पसंद होती है। व्यक्ति को नीति नियमों में रहना अच्छा लगता है। ऐसा व्यक्ति धार्मिक स्वभाव का होता है। उसे अध्ययन करना अच्छा लगता है। उसके धन में बढ़ोतरी होती है। व्यक्ति अपने गुरुओं का सम्मान करता है। उसे सीधी बात करना अच्छा लगता है। उसे वाद विवाद में रुचि होती है। उसे किताबे पढ़ना भी अच्छा लगता है। अपने खोजी स्वभाव के कारण व्यक्ति नई वस्तुओं की खोज में लगा रहता है। व्यक्ति को उपकरणों को खोलना और बन्द करना अच्छा लगता है। व्यक्ति को कम्प्यूटर खेल अच्छे लगते हैं। उपाय 5 मुखी रुद्राक्ष धारण करें। श्री यन्त्र की स्थापना करें। मकर व्यक्ति के लग्न में मकर राशि हो तो व्यक्ति साहसी होता है। उसमें संतोष भी भरपूर होता है। वह स्वभाव से गंभीर होता है। ऐसा व्यक्ति अपने भाग्य पर नहीं अपितु कर्म पर विश्वास करता है। व्यक्ति को निराशावादी बनने से बचना चाहिए। व्यक्ति को सामाजिक नियमों में रहकर काम करना अच्छा लगता है। वह समाज सेवा में भी रुचि लेता है। व्यक्ति को तकनीकी विषयों में रुचि रहती है। ऐसे व्यक्ति को कुसंगति के लोगों से दूर रहने का प्रयास करना चाहिए। व्यक्ति न्याय पसन्द होता है। व्यक्ति को चित्र बनाने का शौक होने की संभावना है। उसे तैराकी का शौक होता है। उसे ज्योतिष विद्या को जानने में रुचि रहती है। उपाय शिव जी की उपासना व 07 मुखी रुद्राक्ष धारण करें। कुंभ व्यक्ति के लग्न में कुम्भ राशि हो तो व्यक्ति स्थिर बुद्धि का होता है। वह धैर्य से काम लेता है। व्यक्ति आदर्शवादी होता है। व्यक्ति के आत्मविश्वास में कुछ कमी रहने की संभावना होती है। व्यक्ति मेहनती होता है। वह लगन से काम करता है। वह विशाल हृदय का स्वामी होता है। व्यक्ति सज्जन व खोजी स्वभाव का होता है। इस लग्न के व्यक्ति जिस पर विश्वास करते हं उस पर अपना विश्वास बनाये रखते हैं। व्यक्ति को उपकरणों को खोलने बंद करने का काम अच्छा लगता है। व्यक्ति को गाड़ियों का शौक रहता है। उसे कार रेसिंग पसंद होता है। जूडो कराटे के खेल में उसकी रुचि होती है। व्यक्ति को अभिनय करना अच्छा लगने की सम्भावना रहती है। उसे डांस करने मे रुचि रहती है। व्यक्ति को हाकी का खेल अच्छा लगता है। मशीनों के उपकरण उसके लिए खिलौनों की तरह होते हं। उपाय 14 मुखी रुद्राक्ष धारण करें। हनुमान जी की उपासना करें। मीन लग्न में मीन राशि होने पर व्यक्ति अपने सब काम सोच समझ कर करता है। उसे अध्ययन में रुचि रहती है। उसके व्यय भी अधिक होने की संभावना रहती है। ऐसे में व्यक्ति को अपने व्ययों पर नियन्त्रण रखने का प्रयास करना चाहिए। इस लग्न का व्यक्ति अपने निर्णयों पर स्थिर रहता है। अपने विषय में पूरी योग्यता रखता है तथा अनुभव के साथ उसकी योग्यता बढ़ती जाती है। व्यक्ति अच्छा सलाहकार होता है। उसे अपने मित्रों की सहायता मिलती है। उस व्यक्ति को बागवानी का शौक रहता है, कुश्ती देखने का शौक होता है, वह शिल्प कला में रुचि लेता है, संगीत सुनना उसे अच्छा लगता है तथा वह खाना बनाने में योग्यता रखता है। उपाय विष्णु भगवान की उपासना करें। 5 मुखी रुद्राक्ष धारण करें और स्फटिक श्री यन्त्र पर चंदन के इत्र से अभिषेक करें।


पराविद्या विशेषांक  मई 2013

फ्यूचर समाचार पत्रिका के पराविद्या विशेषांक में 2014 के सौभाग्यशाली संतान योग, प्रेम-विवाह और ज्योतिषीय ग्रह योग, संजय दत्त: संघर्ष अभी बाकी, शुभ मुहूर्त मानोगे तो भाग्य बदलेगा, भोग कारक शुक्र और बारहवां भाव, संतति योग, विशिष्ट धन योग, जन्मवार से शारीरिक आकर्षण और व्यक्तित्व, लग्न राशि: व्यक्तित्व का आईना, अंकों की उत्पत्ति, अंक ज्योतिष के रहस्य, मंगल का फल, सत्यकथा, पौराणिक कथा के अतिरिक्त, लाल किताब के अचूक उपाय, वास्तु प्रश्नोत्तरी, यंत्र समीक्षा/मंत्र ज्ञान, हेल्थ कैप्सुल, प्राकृतिक चिकित्सा, विवादित वास्तु, आदि विषयों पर विस्तृत रूप से चर्चा की गई है।

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