व्यावहारिक अंक ज्योतिष | अंक ज्योतिष

अंक ज्योतिषव्यावहारिक अंक ज्योतिष
how-to-use-numerology
जुलाई 2010
व्यूस:3276

कैसे करें अंक ज्योतिष का प्रयोग?

अंक विज्ञान ज्योतिष की ही एक शाखा है। क्योंकि प्रत्येक अंक किसी न किसी ग्रह से अभिभूत होता है। बड़े फिल्मी सितारे और सफलतम हस्तियां भी अंक विज्ञान के प्रभाव से अछूती नहीं है। ज्योतिष एवं अंक शास्त्र को संयुक्त कर किस तरह से लाभ प्राप्त किया जा सकता है इसका उल्लेख यहां पर प्रस्तुत है।

विस्तृत विवरण
terror-of-number-8
जुलाई 2010
व्यूस:1509

अंक 8 का आतंक

अंक शास्त्र के अनुसार अंक 8 वाले व्यक्ति या जिनका नाम P या F से शुरू होता है तो वो जातक शनि ग्रह से प्रभावित होते हैं और वे भय खाने लगते हैं। प्रस्तुत लेख में कबीर, मीरा, सलमान खान, जवाहरलाल नेहरू आदि महत्वपूर्ण लोगों की अंक 8 वाले थे। उनका जीवन किस तरह से प्रभावित हुआ इसका वर्णन किया गया है।

विस्तृत विवरण
use-of-numerology-in-vastu
जुलाई 2010
व्यूस:1402

वास्तु में अकंशास्त्र का उपयोग

वास्तुशास्त्र में अंकों एवं ग्रहों का महत्वपूर्ण स्थान है। कौन सा अंक किस ग्रह से जुड़ा है व आपके नाम के शब्द के साथ कौन सा अंक जुड़ा है इसके आधार पर आप अपना मकान, प्लाट, जगह का निर्धारण करें तो आपके लिए फलदायक होगा।

विस्तृत विवरण
numbers-and-sudden-accidents
जुलाई 2010
व्यूस:1016

अंक व आकसिमक दुर्घटनायें

जीवन में कभी दुर्घटनाओं का सामना न करना पड़ें ऐसी अभिलाषा सभी जनमानस ज्योतिष से रखते हैं। अंक शास्त्र इस विषय में हमारी सहायता कर सकता है।

विस्तृत विवरण
loshu-grid
जुलाई 2010
व्यूस:907

लोशु ग्रिड

लोशु चक्र अंक ज्योतिष का चक्र है, जिससे जातक के जीवन में वांछनीय बदलाव कर लाभ प्राप्त किए जा सकते हैं। आइए जानें लोशु ग्रिड क्या है और उसका उपयोग कैसे करें ?

विस्तृत विवरण
Your-vehicle-could-prove-to-be-unlucky-number
सितंबर 2008
व्यूस:808

अशुभ साबित हो सकता है आपके वाहन का नंबर

श्री प्रदीप कुमार अच्छे व्यवसायी है। उम्र लगभग ४० वर्ष है। व्यक्तित्व गंभीर है। गाडी चलाते समय ट्रैफिक के नियमों का पूरी तरह पालन करते है। गति सीमा में चलना कोई उनसे सीखें। गत वर्ष उन्होंने एक नई मारुती ली। एक वर्ष के अंदर ही उस।

विस्तृत विवरण
Know-your-home-with-house-number
सितंबर 2008
व्यूस:782

मकान नंबर से जानिए अपने घर को

प्रत्येक घर की अपनी एक विशेषता होती है। इनमें से कुछ शांति, शुभ एंव् समृद्धिदायक होते है। जबकि कुछ घरों में आप अकेलापन एवं अशांति महसूस करते है। इसके अतिरिक्त कभी आप किसी पडोसी, मित्र या किसी रिश्तेदार के यहाँ जाते है तो वहाँ भी।

विस्तृत विवरण